UP Bhulekh पर जब खतौनी देखने जाते हैं तो कभी-कभी अपने गाँव का record नहीं मिलता।
Screen पर आता है — “Record Not Found”।
लेकिन जमीन तो है! खतौनी क्यों नहीं दिख रही?
इसकी एक बड़ी वजह होती है — कुछ गाँवों के records अभी upbhulekh.gov.in पर नहीं आए हैं। उन गाँवों का data एक अलग portal पर है — ekhasra.up.gov.in
यह UP सरकार का नया portal है जहाँ खसरा की नकल online देखी और download की जा सकती है।
इस guide में बताएंगे:
- E-Khasra UP क्या है और upbhulekh से कैसे अलग है
- खसरा और खतौनी में क्या फर्क होता है
- ekhasra.up.gov.in पर खसरा कैसे देखें
- खसरा किस काम आता है
- कब E-Khasra use करें और कब upbhulekh
Contents
- 1 E-Khasra UP क्या है?
- 2 खसरा और खतौनी में क्या फर्क है?
- 3 E-Khasra UP और UP Bhulekh — कब क्या use करें?
- 4 ekhasra.up.gov.in पर खसरा कैसे देखें — Step by Step
- 5 खसरा नकल में क्या-क्या जानकारी होती है?
- 6 खसरा नकल किस काम आती है?
- 7 upbhulekh.gov.in पर गाँव नहीं मिल रहा तो ekhasra try करें
- 8 खसरा और E-Khasra में क्या फर्क है?
- 9 खसरा नकल की Validity
- 10 UP के सभी जिलों में E-Khasra Available है
- 11 UP Bhulekh के सभी Portals — एक जगह
- 12 अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- 13 सारांश
E-Khasra UP क्या है?
ekhasra.up.gov.in — यह UP सरकार के Rajaswa Parishad (bor.up.nic.in) का एक अलग portal है जो specifically खसरा नकल के लिए बनाया गया है।
इसे UP Bhulekh का “खसरा वाला हिस्सा” समझ सकते हैं।
क्यों अलग portal? upbhulekh.gov.in पर मुख्यतः खतौनी होती है — यानी जमीन मालिक का record।
ekhasra.up.gov.in पर खसरा होता है — यानी खेत/plot की फसल और उपयोग का record।
दोनों अलग-अलग documents हैं, इसीलिए अलग-अलग portals।
खसरा और खतौनी में क्या फर्क है?
यह सवाल बहुत लोगों को confuse करता है — आखिर दोनों में क्या अंतर है?
खसरा (Khasra): खसरा जमीन के plot का record होता है। इसमें लिखा होता है:
- गाटा/खसरा नंबर
- जमीन का क्षेत्रफल (area)
- जमीन का प्रकार — खेती, आवासीय, बंजर
- उस साल कौन सी फसल बोई गई
- सिंचाई का तरीका
- जमीन की soil quality
खसरा हर साल update होता है — फसल बदलती रहती है।
खतौनी (Khatauni): खतौनी जमीन के मालिक का record होता है। इसमें लिखा होता है:
- मालिक का नाम
- पिता का नाम
- उनके नाम पर सभी खसरा नंबर
- कुल जमीन का area
- जमीन का हिस्सा
आसान भाषा में: खसरा = खेत की पहचान खतौनी = मालिक की पहचान
जमीन का पूरा picture समझने के लिए दोनों चाहिए।
E-Khasra UP और UP Bhulekh — कब क्या use करें?
| काम | Portal |
|---|---|
| जमीन मालिक का नाम देखना | upbhulekh.gov.in |
| खतौनी की नकल निकालना | upbhulekh.gov.in |
| रियल टाइम खतौनी | upbhulekh.gov.in |
| नामांतरण, वारासत | vaad.up.nic.in |
| खसरा की नकल | ekhasra.up.gov.in |
| जमीन की फसल जानकारी | ekhasra.up.gov.in |
| उन गाँवों का record जो upbhulekh पर नहीं | ekhasra.up.gov.in |
| भू-नक्शा देखना | upbhunaksha.gov.in |
ekhasra.up.gov.in पर खसरा कैसे देखें — Step by Step
Step 1 — Portal खोलें
Mobile या computer के browser में ekhasra.up.gov.in type करें।
यह Rajaswa Parishad का official portal है। यहाँ login की ज़रूरत नहीं।
Step 2 — “खसरा देखें” या “Khasra Report” option चुनें
Homepage पर “खसरा देखें” या “Khasra Report” option पर click करें।

Step 3 — जनपद, तहसील और ग्राम चुनें
Dropdown से:
- पहले अपना जनपद (District) चुनें
- फिर तहसील चुनें
- फिर अपना ग्राम चुनें
Step 4 — खसरा नंबर डालें
अपनी जमीन का खसरा/गाटा नंबर डालें और Search करें।
अगर खसरा नंबर नहीं पता तो पहले upbhulekh.gov.in पर खतौनी देखें — उसमें खसरा नंबर होगा।
Step 5 — खसरा नकल देखें और Download करें

Record screen पर आ जाएगा। Download button से PDF में save करें।
खसरा नकल में क्या-क्या जानकारी होती है?
खसरा नकल download करने के बाद इसमें यह सब दिखेगा:
ग्राम का नाम और कोड — किस गाँव की जमीन है।
खसरा/गाटा संख्या — उस plot का unique number।
रकबा (Area) — जमीन का area hectare या bigha में।
भूमि का प्रकार — कृषि, आवासीय, सरकारी, बंजर आदि।
फसल विवरण — रबी (सर्दी) और खरीफ (बरसात) की फसल क्या है।
सिंचाई — नहर, कुआं, tube well या बारिश से सिंचाई।
खातेदार का नाम — जमीन का मालिक कौन है।
खसरा नकल किस काम आती है?
बहुत से लोग सोचते हैं — खसरा से क्या होगा, खतौनी तो है। लेकिन खसरा इन कामों में ज़रूरी होता है:
फसल बीमा (PMFBY) — Pradhan Mantri Fasal Bima Yojana में claim के लिए खसरा नकल ज़रूरी है।
Kisan Credit Card — KCC के लिए bank खसरा भी माँगता है — फसल और area verify करने के लिए।
Revenue Court — जमीन विवाद के cases में खसरा important document है।
Land Acquisition — अगर सरकार जमीन अधिग्रहण करे तो मुआवजा खसरा के हिसाब से तय होता है।
Agricultural Schemes — कई सरकारी योजनाओं में खसरा माँगा जाता है।
Property Registration — जमीन की रजिस्ट्री में खसरा reference होता है।
upbhulekh.gov.in पर गाँव नहीं मिल रहा तो ekhasra try करें
यह बहुत important जानकारी है जो कम लोगों को पता है।
UP में अभी भी कुछ गाँवों के records पूरी तरह upbhulekh.gov.in पर digitize नहीं हुए हैं। ऐसे गाँवों का data ekhasra.up.gov.in पर available होता है।
अगर upbhulekh पर “Record Not Found” आए:
- पहले confirm करें कि जनपद, तहसील और गाँव सही चुना है
- अगर फिर भी नहीं मिला — ekhasra.up.gov.in try करें
- वहाँ भी नहीं मिला — तहसील कार्यालय में Lekhpal से मिलें
खसरा और E-Khasra में क्या फर्क है?
खसरा — यह document का नाम है। जमीन के plot का record।
E-Khasra — यह digital version है। ekhasra.up.gov.in portal पर online उपलब्ध खसरा।
पहले खसरा सिर्फ manual registers में होता था — तहसील जाकर Lekhpal से माँगना पड़ता था।
अब E-Khasra portal पर घर बैठे online देख और download कर सकते हैं।
खसरा नकल की Validity
Online खसरा नकल — information के लिए valid है।
Court, bank या government office — इनके लिए तहसील से certified copy लेनी होगी।
यही rule खतौनी पर भी apply होता है — online copy reference के लिए, official काम के लिए certified copy।
UP के सभी जिलों में E-Khasra Available है
UP के सभी 75 जिलों का खसरा data ekhasra.up.gov.in पर available है।
पश्चिमी UP: गाज़ियाबाद, नोएडा, मेरठ, आगरा, अलीगढ़, मथुरा, बुलंदशहर, मुज़फ्फरनगर, सहारनपुर, बागपत
मध्य UP: लखनऊ, कानपुर, उन्नाव, हरदोई, सीतापुर, लखीमपुर खीरी, रायबरेली, फ़र्रुखाबाद, कन्नौज
पूर्वी UP: वाराणसी, प्रयागराज, गोरखपुर, जौनपुर, आज़मगढ़, मिर्जापुर, बलिया, देवरिया, कुशीनगर, सोनभद्र
बुंदेलखंड: झाँसी, बाँदा, चित्रकूट, हमीरपुर, महोबा, जालौन, ललितपुर
UP Bhulekh के सभी Portals — एक जगह
अब तक हमने UP के सभी land portals के बारे में बात की। यहाँ एक जगह सब:
| Portal | काम | URL |
|---|---|---|
| UP Bhulekh | खतौनी, रियल टाइम खतौनी | upbhulekh.gov.in |
| E-Khasra | खसरा नकल | ekhasra.up.gov.in |
| Bhu Naksha | जमीन का नक्शा | upbhunaksha.gov.in |
| Vaad/RCCMS | Revenue court cases | vaad.up.nic.in |
| Rajaswa Parishad | सभी services hub | bor.up.nic.in |
| Ansh Sanshodhan | नाम/हिस्सा correction | upbhulekh.gov.in/ansh/ |
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
E-Khasra UP क्या है? ekhasra.up.gov.in UP सरकार का portal है जहाँ खसरा की नकल online देखी और download की जा सकती है। यह upbhulekh.gov.in से अलग है।
खसरा और खतौनी में क्या फर्क है? खसरा जमीन के plot का record है — फसल, area, soil type। खतौनी मालिक का record है — नाम, सभी खसरा नंबर। दोनों अलग documents हैं।
upbhulekh पर गाँव नहीं मिल रहा — क्या करें? ekhasra.up.gov.in try करें। कुछ गाँवों का data वहाँ होता है। अगर वहाँ भी नहीं तो तहसील में Lekhpal से मिलें।
खसरा नकल किस काम आती है? Fasal Bima, KCC loan, Revenue court, Land acquisition, Government schemes — इन सभी में खसरा नकल ज़रूरी होती है।
क्या E-Khasra से download की नकल court में valid है? Online download information के लिए है। Court या bank के लिए तहसील से certified copy लें।
खसरा नंबर नहीं पता तो क्या करें? upbhulekh.gov.in पर खतौनी देखें — उसमें खसरा नंबर होता है। या upbhunaksha.gov.in पर plot पर click करें — वहाँ भी खसरा नंबर दिखता है।
सारांश
ekhasra.up.gov.in — यह UP का खसरा portal है।
खसरा नकल देखने के लिए ekhasra.up.gov.in खोलें → जनपद-तहसील-ग्राम चुनें → खसरा नंबर डालें → download करें।
अगर upbhulekh.gov.in पर आपके गाँव का record नहीं मिल रहा तो ekhasra.up.gov.in ज़रूर try करें।
खसरा और खतौनी दोनों ज़रूरी documents हैं — खसरा plot की जानकारी देता है, खतौनी मालिक की।
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